Mathura Broad Gauge Track Update: मथुरा–वृंदावन ब्रॉड गेज को मिलेगा नया ट्रैक, रेलवे ने बढ़ाई रफ्तार
Mathura Broad Gauge Track मथुरा–वृंदावन रेल मार्ग पर यात्रियों को जल्द ही एक बड़ी सुविधा मिलने वाली है। वर्षों से भीड़ और देरी से जूझ रहे इस रूट पर भारतीय रेलवे ने नया ट्रैक जोड़ने की दिशा में निर्णायक कदम बढ़ाए हैं। यह प्रोजेक्ट ना केवल ब्रज क्षेत्र की कनेक्टिविटी को आधुनिक रूप देगा, बल्कि धार्मिक पर्यटन, स्थानीय अर्थव्यवस्था और ट्रेन संचालन सभी पर व्यापक सकारात्मक प्रभाव डालेगा।
रेलवे अधिकारियों ने पुष्टि की है कि नया ब्रॉड गेज ट्रैक जोड़ने का प्री-कंस्ट्रक्शन सर्वे पूरा हो चुका है और फाइल अब मंजूरी के अंतिम चरण में है। भूमि संबंधी प्रक्रियाएँ भी तेजी से आगे बढ़ रही हैं। निर्माण 2025 के शुरुआती महीनों में शुरू होने की संभावना है।
मथुरा–वृंदावन रूट पर प्रतिदिन भारी संख्या में तीर्थयात्री, स्थानीय नागरिक और पर्यटक यात्रा करते हैं। एकल लाइन होने के कारण यह रूट लगातार दबाव में रहता है। त्योहारों और धार्मिक आयोजनों के समय स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण हो जाती है। अब नया ट्रैक इस समस्या का स्थायी समाधान बन सकता है।
√ क्यों ज़रूरी था नया ट्रैक? – विस्तृत ग्राउंड रिपोर्ट
मथुरा उत्तर भारत का सबसे व्यस्त धार्मिक–पर्यटन रेल हब बन चुका है। यूपी पर्यटन विभाग के अनुसार, 2023 में ब्रज क्षेत्र में लगभग 2.31 करोड़ लोग पहुँचे, जिनमें से अधिकांश ने मथुरा–वृंदावन रेल मार्ग का उपयोग किया।
इतने बड़े यात्री दबाव के सामने एकल ब्रॉड गेज लाइन अपर्याप्त साबित हो रही है।
रेलवे के ऑपरेशनल आंकड़े बताते हैं:
• सामान्य दिनों में 30–35 हज़ार यात्री
• सप्ताहांत में संख्या 50 हज़ार पार
• जन्माष्टमी, होली, राधाष्टमी पर 3–5 गुना बढ़ोतरी
• कई बार ट्रेनें 40–60 मिनट तक लेट
परिणामस्वरूप, यात्रियों को देरी, भीड़, और असुविधा झेलनी पड़ती है। नया ट्रैक इस स्थिति को पूरी तरह बदल देगा।
रेलवे के वरिष्ठ इंजीनियरिंग अधिकारी ने बताया:
“मथुरा–वृंदावन रूट धार्मिक और पर्यटन दोनों दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है। बढ़ती मांग को देखते हुए नया ट्रैक जोड़ना आवश्यक था।”

√ नया ट्रैक क्या बदलेगा? – रेलवे की विस्तृत योजना
नया ट्रैक मौजूदा लाइन के समानांतर तैयार किया जाएगा, जिससे पूरी लाइन डबल ट्रैक में बदल जाएगी। यह अपग्रेड ट्रेन संचालन क्षमता को लगभग दोगुना कर देगा।
मौजूदा योजना में शामिल है:
• डबल लाइन निर्माण
• 100% इलेक्ट्रिफिकेशन
• अत्याधुनिक सिग्नलिंग सिस्टम
• बढ़ी हुई ट्रेन स्पीड — 35–40 से बढ़कर 60–70 किमी/घं
• पैसेंजर, DEMU और एक्सप्रेस ट्रेनों की संख्या में वृद्धि
• पिक सीज़न में विशेष ट्रेनों का संचालन आसान
इंफ्रास्ट्रक्चर विशेषज्ञ प्रो. आर.के. मिश्रा के अनुसार:
“यह अपग्रेड सिर्फ एक ट्रैक नहीं, बल्कि ब्रज यात्रा की गुणवत्ता में एक बड़ा सुधार होगा।”
√ धार्मिक पर्यटन को मिलेगा सबसे बड़ा लाभ
मथुरा–वृंदावन को हर साल देश–विदेश से करोड़ों तीर्थयात्री आते हैं।
नए ट्रैक से धार्मिक पर्यटन पर इन बड़े प्रभावों की उम्मीद है:
• यात्रा समय कम
• प्लेटफॉर्म व ट्रेनों पर कम भीड़
• विदेशी पर्यटकों के लिए बेहतर अनुभव
• त्योहारों में भीड़ प्रबंधन आसान
• स्थानीय होटल–धर्मशालाओं में बेहतर आवक
• गोवर्धन, बरसाना और गोकुल कनेक्टिविटी में सुधार
यह पूरे ब्रज क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को सकारात्मक दिशा देगा।
√ निर्माण कार्य की प्रगति – क्या चल रहा है अभी?
भारतीय रेलवे इस प्रोजेक्ट को तीन चरणों में आगे बढ़ा रहा है:
पहला चरण – सर्वे और डिज़ाइन (पूरा)
टोपोग्राफी, मिट्टी परीक्षण, संरचनाओं का मूल्यांकन, रूट अलाइनमेंट फाइनल।
दूसरा चरण – भूमि अधिग्रहण (अंतिम स्टेज)
कई क्षेत्र रेलवे के पास हैं। कुछ क्षेत्रों में दस्तावेज़ीकरण जारी।
तीसरा चरण – निर्माण (2025 की शुरुआत)
पहले 7–10 किमी पर कार्य शुरू होगा।
रेलवे सूत्रों ने बताया:
“टेंडर प्रक्रिया बहुत जल्द शुरू होने वाली है। प्रोजेक्ट को प्राथमिकता मिल चुकी है।”
√ स्थानीय लोगों को क्या लाभ मिलेगा?
नया ट्रैक आने के बाद केवल तीर्थयात्री ही नहीं, बल्कि स्थानीय नागरिक भी राहत महसूस करेंगे।
• नौकरी के नए अवसर
• ट्रेनों की आवृत्ति बढ़ेगी
• छात्रों और दैनिक यात्रियों को समय बचेगा
• सड़क ट्रैफिक कम होगा
• स्थानीय दुकानों और व्यवसायों को बढ़ी आमद
वृंदावन व्यापार मंडल अध्यक्ष का कहना है:
“नया ब्रॉड गेज ट्रैक ब्रज की अर्थव्यवस्था में जान भर देगा।”
√ सरकार और रेलवे का वित्तीय ढांचा
अनुमानित लागत 350–450 करोड़ रुपये के बीच है।
इसमें शामिल हैं:
• ट्रैक निर्माण
• सिग्नलिंग सिस्टम
• इलेक्ट्रिफिकेशन
• स्टेशन सुधार
• सुरक्षा बैरियर
• पुल–पुलिया उन्नयन
इसे “रेलवे विज़न 2030” के तहत प्राथमिकता दी गई है।

निष्कर्ष
मथुरा–वृंदावन ब्रॉड गेज रूट पर नया ट्रैक जुड़ना ब्रज यात्रा का सबसे बड़ा रेल सुधार है। इससे रेलवे संचालन, धार्मिक पर्यटन, स्थानीय अर्थव्यवस्था और यात्रियों का अनुभव — सभी में क्रांतिकारी बदलाव आने वाला है।
यह प्रोजेक्ट केवल रेल अपग्रेड नहीं — यह ब्रज क्षेत्र के विकास का अगला कदम है।
FAQs
Q1. नया ट्रैक कब शुरू होगा?
रेलवे के अनुसार, निर्माण 2025 की शुरुआत में शुरू हो सकता है। सर्वे पहले ही पूरा हो चुका है।
Q2. यात्रियों को क्या फायदा होगा?
कम भीड़, तेज़ ट्रेनें, अधिक आवृत्ति, समयपालन, त्योहारों में बेहतर प्रबंधन।
Q3. क्या यह लाइन पूरी तरह इलेक्ट्रिफाइड होगी?
हाँ, नया ब्रॉड गेज ट्रैक पूर्ण रूप से इलेक्ट्रिफाइड बनाया जाएगा।
Q4. क्या धार्मिक पर्यटन बढ़ेगा?
यात्रा सरल होने से ब्रज में पर्यटन 30–40% तक बढ़ने की संभावना है।
Q5. क्या भूमि अधिग्रहण में दिक्कत है?
ज्यादातर भूमि रेलवे के पास है, इसलिए प्रक्रिया सहज है।



