नया Aadhaar ऐप जल्द देगा घर बैठे एड्रेस और नाम बदलने की सुविधा, UIDAI ने की बड़े बदलाव की पुष्टि
Aadhaar address name change app :दिसंबर 2025 में आधार पहचान प्रणाली एक नए डिजिटल मोड़ पर पहुंच रही है। यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (UIDAI) अपने नए आधार मोबाइल एप के माध्यम से नागरिकों को ऐसी सुविधा देने जा रहा है, जिसके बाद उन्हें मामूली अपडेट के लिए भी आधार केंद्र के चक्कर नहीं काटने होंगे। अभी तक उपलब्ध जानकारी और UIDAI के आधिकारिक बयानों के अनुसार, मोबाइल नंबर अपडेट फीचर पहले ही घर बैठे चालू किया जा चुका है, जबकि एड्रेस और नाम अपडेट की सुविधा ऐप में ‘Coming Soon’ के रूप में दिखाई दे रही है, जो जल्द ही डिजिटल रूप से सक्रिय होगी।
इससे भारत की सबसे महत्वपूर्ण पहचान प्रणाली पूरी तरह डिजिटल सेल्फ‑सर्विस मॉडल की ओर बढ़ रही है।
UIDAI ने नई सुरक्षा प्रणालियों, फेस ऑथेंटिकेशन और रियल‑टाइम डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के आधार पर यह बदलाव शुरू किया है। वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों के अनुसार आने वाले महीनों में आधार धारक घर बैठे अपने पहचान विवरण में व्यापक बदलाव कर सकेंगे, जो अब तक केवल ऑफलाइन या केंद्र पर जाकर किया जा सकता था।
आधार अपडेट का वर्तमान परिदृश्य — क्या बदल गया है और क्या बदलने वाला है
अब तक आधार डेटा अपडेट करने में सबसे बड़ी दिक्कत यह रही कि मोबाइल नंबर, नाम या पता बदलने के लिए ज्यादातर परिस्थितियों में नागरिकों को आधार सेवा केंद्र जाना पड़ता था। UIDAI के पुराने “mAadhaar” ऐप में केवल Address Update की सुविधा मिलती थी और बाकी सभी बदलावों के लिए ऑफलाइन प्रक्रिया का ही सहारा लेना पड़ता था। यह स्थिति UIDAI की आधिकारिक गाइडलाइन और FAQ में भी स्पष्ट रूप से दर्ज है, जहां मोबाइल नंबर, नाम और अन्य विवरण ऐप के माध्यम से अपडेट न किए जा सकने की पुष्टि मिलती है।
इस व्यवस्था में सबसे बड़ा बदलाव तब आया जब UIDAI ने नवंबर 2025 में नया Aadhaar App लॉन्च किया, जिसमें सुरक्षित Face Authentication, QR Identity Verification, Multi‑Profile Support और Biometric Lock जैसे फीचर्स शामिल किए गए। इस ऐप को “डिजिटल पहचान को जेब में रखने” की सोच के साथ विकसित किया गया है।
नए ऐप की सबसे उल्लेखनीय बात यह है कि UIDAI ने इसमें Mobile Number Update from Home का फीचर लाइव कर दिया है। नागरिक अब मात्र ₹75 में बिना किसी आधार केंद्र गए अपना आधार‑लिंक्ड मोबाइल नंबर बदल सकते हैं। यह सुविधा हाल ही में Navbharat Times की रिपोर्ट में भी पुष्टि की गई है, जिसमें बताया गया है कि एड्रेस, नाम, ईमेल जैसे अन्य विकल्प ऐप में दिखाई जरूर दे रहे हैं लेकिन वे अभी “Coming Soon” स्टेटस पर हैं।
इसका अर्थ है कि UIDAI चरणबद्ध तरीके से आधार अपडेट प्रक्रिया को “पूर्णतः डिजिटल” बनाने की ओर बढ़ रहा है। भारत में डिजिटल सेवाओं की बढ़ती मांग और सरकारी ऑनलाइन सेवाओं के विस्तार को देखते हुए यह एक बेहद महत्वपूर्ण कदम है।

भविष्य का आधार — कब आएगी घर बैठे एड्रेस और नाम बदलने की सुविधा
एड्रेस और नाम जैसी महत्वपूर्ण जानकारी में बदलाव के लिए अब तक आधार केंद्र विज़िट अनिवार्य रहा है, लेकिन UIDAI द्वारा जारी नए निर्देशों और ताज़ा समाचारों से यह स्पष्ट है कि आने वाले समय में यह स्थिति बदलेगी। The Economic Times और अन्य प्रमुख समाचार पोर्टलों ने बताया है कि नए नियमों के तहत आधार में नाम, पता और मोबाइल नंबर जैसे विवरण ऑनलाइन बदले जा सकेंगे, जिसमें केंद्र जाने की आवश्यकता नहीं होगी।
इसके अतिरिक्त Navbharat Times की एक विस्तृत रिपोर्ट में इस बात का दोहराव किया गया है कि UIDAI एक ऐसा नया “e‑Aadhaar ऐप” लाने की तैयारी में है, जिसमें डेट ऑफ बर्थ, एड्रेस और फोन नंबर जैसी अत्यंत संवेदनशील जानकारियों को भी घर बैठे अपडेट करने की सुविधा शामिल होगी।
हालाँकि इन रिपोर्टों में एक साझा बात यह है कि यह सुविधा अभी लॉन्च होने की प्रक्रिया में है। UIDAI ने सार्वजनिक रूप से पुष्टि की है कि ऐप को जल्द डिजिटल अपडेट की दिशा में विस्तारित किया जाएगा और नागरिकों को आने वाले हफ्तों में इसका लाभ मिलेगा। India Today और Hindustan Times Tech ने भी अपने विश्लेषण में बताया है कि नए ऐप के अंदर ये विकल्प मौजूद हैं लेकिन अभी तक सक्रिय नहीं हुए हैं।
UIDAI ने हाल ही में एक आधिकारिक संदेश जारी कर कहा:
“Update your address from the convenience of your home. No more standing in the queue at the Aadhaar Centre. Rolling out soon, stay tuned.”
यह बयान इस बात को सीधे तौर पर पुष्टि करता है कि एड्रेस अपडेट सुविधा डिजिटल रूप से जल्द उपलब्ध कराई जाएगी, और संभावना है कि नाम अपडेट फीचर भी इसी चरण में शामिल किया जाएगा।
यह सुविधा कैसे काम करेगी — टेक्नोलॉजी और सुरक्षा का विस्तृत विश्लेषण
नए आधार ऐप का मुख्य आधार है फेस ऑथेंटिकेशन, जो कि UIDAI द्वारा विकसित एक उन्नत तकनीक है। पहले जहां आधार अपडेट के लिए फिंगरप्रिंट या आईरिस स्कैन की आवश्यकता पड़ती थी, वहीं अब स्मार्टफोन के कैमरे के माध्यम से उपयोगकर्ता का चेहरा पहचानकर डिजिटल सत्यापन किया जा सकता है। इससे प्रक्रिया तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक बनती है।
इसके अलावा ऐप में दस्तावेज़ अपलोड करने की सुविधा को भी स्मार्ट बनाया गया है। नागरिक अपने एड्रेस प्रूफ या नाम अपडेट से संबंधित दस्तावेज़ों को ऐप में स्कैन कर अपलोड कर सकेंगे। यह डॉक्यूमेंट UIDAI के सर्वर पर भेजे जाएंगे, जहां उनका डिजिटल सत्यापन किया जाएगा। आर्थिक नियमों और डिजिटल सर्विस लॉ के अनुरूप पूरी प्रक्रिया को एन्क्रिप्टेड चैनल के माध्यम से संचालित किया जाएगा।
सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, आधार जैसे राष्ट्रीय पहचान डेटाबेस में किसी भी प्रकार के अपडेट के लिए उच्च स्तरीय सुरक्षा उपाय अनिवार्य होते हैं। साइबर सुरक्षा विश्लेषकों ने कहा है कि फेस ऑथेंटिकेशन और मल्टी‑फैक्टर ओटीपी सिस्टम के साथ यह प्रक्रिया और अधिक सुरक्षित बन सकती है, हालांकि इसके साथ उपयोगकर्ता जागरूकता और साइबर हाइजीन की आवश्यकता भी उतनी ही महत्वपूर्ण होगी।
UIDAI की नई गाइडलाइन और कानून परिवर्तन — देशभर में बड़ा असर
1 नवंबर 2025 से लागू किए गए नए नियमों के तहत आधार अपडेट प्रक्रिया में महत्वपूर्ण परिवर्तन हुआ है। खबरों के अनुसार UIDAI ने यह सुनिश्चित किया है कि नागरिक नाम, पता और मोबाइल नंबर जैसे विवरण ऑनलाइन भी बदल सकें, जिससे ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को विशेष लाभ मिलेगा।
साथ ही, बायोमेट्रिक अपडेट (फिंगरप्रिंट/आईरिस) अब भी केवल आधार केंद्र में ही किए जा सकेंगे, क्योंकि इस प्रक्रिया में शारीरिक सत्यापन तकनीकी रूप से अनिवार्य है। लेकिन जनसांख्यिकीय (Demographic) अपडेटों की डिजिटल प्रक्रिया से आधार केंद्रों पर भीड़ में कमी आएगी और नागरिकों का समय और यात्रा लागत बचेगी।
डिजिटल इंडिया अभियान के अंतर्गत सरकार ने नागरिक सेवाओं को पूरी तरह से ऑनलाइन बनाने के लिए कई कदम उठाए हैं। नया आधार ऐप इसी दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाला है। “MyAadhaar” पोर्टल पहले से ही दस्तावेज़ अपडेट प्रक्रिया को ऑनलाइन प्रदान करता है, और अब इसका मोबाइल संस्करण भी उतना ही व्यापक होने जा रहा है।
विशेषज्ञ क्या कहते हैं — डिजिटल पहचान का नया युग
डिजिटल गवर्नेंस विशेषज्ञों का मानना है कि आधार ऐप में एड्रेस और नाम बदलने की सुविधा शुरू होना भारत की डिजिटल पहचान प्रणाली को एक नए युग में ले जाएगा। अभी तक सरकारी दस्तावेज़ों में अपडेट करने की प्रक्रिया में कई स्तरों पर भौतिक सत्यापन की आवश्यकता होती थी, लेकिन डिजिटल KYC और फेस ऑथेंटिकेशन के साथ यह प्रक्रिया बेहद सरल और सुरक्षित बन सकती है।
तकनीकी विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि UIDAI को इस प्रक्रिया में उपयोगकर्ता सुरक्षा और डेटा गोपनीयता पर विशेष ध्यान देना होगा, खासकर तब जब नागरिक अपने सबसे संवेदनशील दस्तावेज़—जैसे पते का प्रमाण, जन्म प्रमाणपत्र, पहचान संबंधित विवरण—इंटरनेट के माध्यम से अपलोड करेंगे। इस दिशा में UIDAI ने पिछले वर्षों में मजबूत डेटा एन्क्रिप्शन और सर्वर‑साइड सुरक्षा ढांचे विकसित किए हैं, जो ऐप में भी लागू किए गए हैं।
अर्थशास्त्रियों का मानना है कि यह बदलाव आम नागरिकों के लिए सुविधा बढ़ाने के साथ‑साथ सरकारी सेवाओं की दक्षता में सुधार लाएगा। आधार केंद्रों पर भीड़ घटने से कर्मचारियों का दबाव कम होगा और सत्यापन प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी।
निष्कर्ष — आधार अपडेट का भविष्य अब आपकी जेब में
भारत डिजिटल पहचान के क्षेत्र में एक बड़े बदलाव के मुहाने पर खड़ा है। जैसा कि UIDAI और विभिन्न समाचार स्रोतों के अनुसार स्पष्ट है, नया आधार ऐप अब केवल पहचान दिखाने का साधन नहीं रहेगा, बल्कि यह स्वयं अपडेट करने का एक शक्तिशाली उपकरण बनकर उभरेगा।
घर बैठे मोबाइल नंबर अपडेट सुविधा पहले ही शुरू हो चुकी है और इसे जनता द्वारा सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। एड्रेस और नाम बदलने की डिजिटल सुविधा, जो फिलहाल “Coming Soon” चरण में है, आने वाले महीनों में ऐप के माध्यम से उपलब्ध होने की उम्मीद है। उसके बाद आधार अपडेट प्रक्रिया लगभग पूरी तरह ऑनलाइन हो जाएगी, जिससे नागरिकों का समय, पैसा और ऊर्जा बचेगी।
यह कदम न केवल तकनीकी रूप से देश को आगे बढ़ाएगा बल्कि डिजिटल समावेशन को भी मजबूत करेगा। भारत जैसे विशाल और विविध देश में यह परिवर्तन नागरिक सुविधाओं को नया आयाम देगा और सरकारी सेवाओं को और अधिक पारदर्शी तथा आधुनिक बनाएगा।
❓ FAQ — आधार ऐप अपडेट से जुड़े सामान्य प्रश्न
प्रश्न 1: क्या अभी नए आधार ऐप से एड्रेस और नाम बदले जा सकते हैं?
उत्तर: नहीं, यह सुविधा अभी “Coming Soon” के रूप में दिखाई दे रही है। UIDAI के अनुसार यह जल्द सक्रिय की जाएगी। अभी केवल मोबाइल नंबर अपडेट घर बैठे संभव है।
प्रश्न 2: क्या मोबाइल नंबर अपडेट फीचर पूरी तरह से डिजिटल है?
उत्तर: हां, नया आधार ऐप मोबाइल नंबर अपडेट को फेस ऑथेंटिकेशन, ओटीपी और डिजिटल डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के माध्यम से पूरा करता है।
प्रश्न 3: क्या एड्रेस बदलने के लिए अब आधार केंद्र जाने की जरूरत नहीं होगी?
उत्तर: UIDAI के अनुसार यह सुविधा बहुत जल्द पूरी तरह डिजिटल की जाएगी, जिसके बाद नागरिक घर बैठे एड्रेस बदल सकेंगे।
प्रश्न 4: क्या यह सुविधा सुरक्षित होगी?
उत्तर: नए ऐप में फेस ऑथेंटिकेशन, एन्क्रिप्टेड डेटा चैनल और डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन जैसी सुरक्षा तकनीकें शामिल हैं, जिससे प्रक्रिया सुरक्षित रहती है।
प्रश्न 5: क्या यह बदलाव ग्रामीण क्षेत्रों में उपयोगी होगा?
उत्तर: हां, क्योंकि इससे आधार केंद्र पर निर्भरता कम होगी और नागरिक बिना यात्रा किए अपने दस्तावेज़ अपडेट कर सकेंगे।



